Bangladesh Election 2026 : बांग्लादेश में करीब डेढ़ साल के बाद आम चुनाव हो रहे हैं। इन चुनावों पर भारत से लेकर अमेरिका और चीन से लेकर पाकिस्तान तक की नजर बनी हुई है। खासकर बांग्लादेश में लगातार बदलती स्थिति को देखते हुए। दरअसल, भारत के इस पड़ोसी मुल्क में प्रधानमंत्री शेख हसीना के हटने के बाद से धार्मिक हिंसा में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इसे लेकर कई संगठनों ने आंकड़े भी जारी किए हैं। दूसरी तरफ इन चुनावों की विश्वसनीयता को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। इसकी वजह यह है कि इन चुनाव में मोहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार ने सबसे बड़ी पार्टी- आवामी लीग को ही प्रतिबंधित करवा दिया। इसके अलावा राजनीतिक हिंसा की कई घटनाएं सामने आ रही हैं, जो कि निष्पक्ष चुनाव के दावों पर भी प्रश्न चिह्न लगा रही हैं।
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1. बांग्लादेश में चुनाव कैसे, ईवीएम या बैलेट? मतगणना तक कितना समय लगेगा?
बांग्लादेश के निर्वाचन आयोग के मुताबिक, सुबह 7:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक का समय तय किया गया है। पिछले चुनावों की तुलना में इस बार मतदान का समय एक घंटा बढ़ाया गया है, क्योंकि मतदाताओं को संसदीय सीटों के साथ-साथ एक सांविधानिक जनमत संग्रह (जुलाई चार्टर) के लिए भी वोट डालना होगा, जिसके जरिए अंतरिम सरकार संविधान में बड़े बदलाव कराने की तैयारी में है। मतदान बैलेट पेपर के माध्यम से कराए जा रहे हैं। पहली बार इस देश में पोस्टल बैलेट का विकल्प भी शुरू किया गया है।
नतीजों की घोषणा कब तक होगी?
रिपोर्ट्स के मुताबिक मतगणना वोटिंग खत्म होने के तत्काल बाद शुरू हो जाएगी। 299 सीटों पर मतदान हो रहे हैं, ऐसे में मतों की गिनती के बाद चुनाव नतीजों की आधिकारिक घोषणा में थोड़ा समय लगने की संभावना है। अंतरराष्ट्रीय खबरों के मुताबिक मतगणना के रुझान और चुनाव नतीजे भारतीय समयानुसार करीब आधी रात से ही आने लगेंगे। देश का चुनाव आयोग इसकी औपचारिक घोषणा 13 फरवरी को कर सकता है। फिलहाल मतदान जारी हैं। ऐसे में नतीजों की घोषणा की टाइमलाइन का इंतजार करना होगा।
2. कितनी पार्टियां मैदान में हैं?
इस चुनाव में कुल 59 पंजीकृत राजनीतिक दल हिस्सा ले रहे हैं। प्रमुख दलों में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) के नेतृत्व वाला 10 पार्टी वाला गठबंधन और नेशनल सिटीजन पार्टी (एनसीपी) और जमात-ए-इस्लामी के नेतृत्व वाला 11 दलों वाला गठबंधन शामिल है। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग को चुनाव लड़ने से रोक दिया गया है। इसके अलावा जातीय पार्टी के दोनों धड़े- जातीय पार्टी (इरशाद), जातीय पार्टी (कादर) और वामपंथी पार्टी- लेफ्ट डेमोक्रेटिक अलायंस और अमार बांग्लादेश पार्टी भी मैदान में हैं।
3. कितने उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे?
चुनावी मैदान में कुल 1,981 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इनमें करीब 1700 उम्मीदवार राजनीतिक दलों से हैं और 249 निर्दलीय हैं। महिलाओं की भागीदारी कम है। 63 महिला उम्मीदवारों को राजनीतिक दलों से मौका दिया गया है, जबकि करीब 13 महिला उम्मीदवार निर्दलीय हैं। यानी कुल संख्या 76 है।
4. कितने मतदाता, कितने पुरुष-कितनी महिलाएं, युवा कितने?
कुल मतदाता: इस चुनाव में कुल 12,77,11,793 (लगभग 12.77 करोड़) पंजीकृत मतदाता हैं। 2026 में वैश्विक स्तर पर सबसे ज्यादा मतदाता भागीदारी वाले देशों की सूची में शीर्ष पर।
पुरुष और महिला मतदाता: कुल योग्य मतदाताओं में से लगभग 6.48 करोड़ पुरुष और 6.28 करोड़ महिलाएं हैं। हालांकि, मतदाताओं में महिलाओं की संख्या काफी अधिक है, लेकिन उम्मीदवारों के रूप में उनकी भागीदारी 4% से भी कम है।
युवा मतदाता: मतदाताओं का एक बड़ा हिस्सा युवा है, जिनमें से 45.70 लाख पहली बार वोट डालेंगे। कुल 5 करोड़ 60 लाख मतदाताओं की उम्र 18 से 37 वर्ष के बीच है।
5. कौन-कौन इस चुनाव में वोट डाल सकता है?
सभी बांग्लादेशी नागरिक वोट डाल सकते हैं, जिनकी उम्र 31 अक्तूबर 2025 तक 18 साल या उससे ज्यादा है और जिनका नाम अंतिम मतदाता सूची में है।
मतदाता का मानसिक रूप से स्वस्थ होना (अदालत द्वारा अस्वस्थ घोषित न हो) और संबंधित चुनावी क्षेत्र का निवासी होना अनिवार्य है।
पहली बार करीब 1.5 करोड़ प्रवासी बांग्लादेशियों को डाक मतपत्र (पोस्टल बैलट) के जरिए विदेश से वोट डालने की सुविधा दी गई है।
6. बांग्लादेश में हालिया धार्मिक हिंसा का क्या रिकॉर्ड?
बांग्लादेश में अगस्त 2024 में शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद से अल्पसंख्यक समुदायों (मुख्यतः हिंदुओं) के खिलाफ सांप्रदायिक हिंसा की 2,000 से अधिक घटनाएं दर्ज की गई हैं।


