वॉशिंगटन: Global Tarrif अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सुप्रीम कोर्ट पर तब गुस्सा निकाला जब उन्होंने एक जरूरी टैरिफ अथॉरिटी के उनके इस्तेमाल को रद्द कर दिया. राष्ट्रपति ट्रंप ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को ‘बहुत निराशाजनक बताया. साथ ही उन्होंने ऐलान किया कि वह तुरंत दूसरे कानूनों पर आगे बढ़ेंगे. इसमें एक नया ’10 परसेंट ग्लोबल टैरिफ’ भी शामिल है. इससे उनका टैरिफ प्रोग्राम बना रहेगा.
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सुप्रीम कोर्ट के फैसले से उनका टैरिफ एजेंडा खत्म नहीं हुआ है: डोनाल्ड ट्रंप
ट्रंप ने व्हाइट हाउस में एक न्यूज कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘टैरिफ पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला बहुत निराशाजनक है. मुझे कोर्ट के कुछ सदस्यों पर शर्म आ रही है, बिल्कुल शर्म आ रही है, कि उनमें हमारे देश के लिए सही काम करने की हिम्मत नहीं है.’ उन्होंने जस्टिस क्लेरेंस थॉमस, सैमुअल अलिटो और ब्रेट कैवनॉ को असहमति जताने के लिए धन्यवाद दिया. अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से उनका टैरिफ एजेंडा खत्म नहीं हुआ है, बल्कि, दूसरे ऑप्शन इस्तेमाल करने पर भी बात साफ हो गई है.
मौजूदा टैरिफ बने रहेंगे और नए टैरिफ जल्द ही लागू होंगे: डोनाल्ड ट्रंप
उन्होंने आगे कहा, ‘मौजूदा टैरिफ बने रहेंगे और नए टैरिफ जल्द ही लागू होंगे.’ इसलिए, तुरंत लागू, सेक्शन 232 के तहत सभी नेशनल सिक्योरिटी टैरिफ और मौजूदा सेक्शन 301 टैरिफ अभी भी लागू हैं. वे वहीं रहेंगे, पूरी तरह से लागू रहेंगे और पूरी तरह से लागू रहेंगे.’
मुझे टैरिफ लगाने का अधिकार है:ट्रंप
ट्रंप ने कहा, ‘आज मैं सेक्शन 122 के तहत 10 फीसदी वैश्विक टैरिफ लगाने के ऑर्डर पर साइन करूंगा जो पहले से लग रहे हमारे नॉर्मल टैरिफ के अलावा होगा.’ उन्होंने कहा कि अमेरिकी प्रशासन, ‘दूसरे देशों और कंपनियों के गलत ट्रेडिंग तरीकों से हमारे देश को बचाने के लिए सेक्शन 301 और दूसरी जांच भी शुरू कर रहा है.’ जब उनसे पूछा गया कि क्या अमेरिकी कांग्रेस को कार्रवाई करने की जरूरत होगी, तो ट्रंप ने कहा, ‘आपको इसकी जरूरत नहीं है. इसे पहले ही मंजूरी मिल चुकी है.’ बाद में कहा, ‘मुझे टैरिफ लगाने का अधिकार है.’
ट्रंप ने कहा, ‘मुझे हमेशा टैरिफ लगाने का अधिकार रहा है और यह सब अमेरिकी कांग्रेस ने मंजूर किया है.’ अमेरिकी ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव जेमिसन ग्रीर ने ट्रंप के मैसेज को और मजबूत करते हुए कहा, ‘हमारे पास सेक्शन 122 है, जिसे आज लागू किया जाएगा. हमारे पास सेक्शन 301 इन्वेस्टिगेशन है, जो कानूनी तौर पर बहुत टिकाऊ है और हम प्रोग्राम में कंटिन्यूटी बनाए रखेंगे.
अमेरिका में कई कानूनों के तहत टैरिफ लगाए जा सकते हैं
अमेरिका में कई कानूनों के तहत टैरिफ लगाए जा सकते हैं. इसमें नेशनल सिक्योरिटी (सेक्शन 232) और गलत ट्रेड प्रैक्टिस (सेक्शन 301) से जुड़े नियम शामिल हैं, जबकि आईईईपीए (IEEPA) एक अलग इमरजेंसी पावर कानून है जिसका इस्तेमाल अमेरिकी राष्ट्रपति ने कुछ आर्थिक पाबंदियों के लिए किया है. उन पावर के दायरे को लेकर होने वाले झगड़ों से अक्सर केस होते हैं जो अमेरिका में सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच सकते हैं.
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